Law of NATURE/Law of KARMA/Law of UNIVERSE

न्याय(JUSTICE): 

इस दुनिया(Materialistic World) की कचहरी में गवाह भी बिकते हैं, वकील भी खरीदे जाते हैं, न्यायाधीश भी खरीदे जा सकते हैं, सबूतों को भी तोड़-मरोड़ के पेश किया जा सकता है।


लेकिन कुदरत की कचहरी में किसी को खरीद-बेच पाना मनुष्य के संभवत: से बाहर और न्यायधीश तो खुद कुदरत(एकदम निष्पक्ष) है!!


That's Why, "Stay Relax & Believe the Judicial Power of Nature".

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